भोपाल। प्रदेश में कमलनाथ सरकार की नाकामी के कारण पैदा हुए भीषण बिजली संकट को लेकर आज राजधानी भोपाल में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व सांसद राकेश सिंह के नेतृत्व में लालटेन यात्रा निकाली गयी। हजारों कार्यकर्ता और नागरिक लालटेन हाथ में लेकर ढोल नगाड़े बजाते हुए लिलि टाकीज से लाल परेड ग्राउंड तक पहुंचे। जहां राकेश सिंह ने एसडीएम को लालटेन भेंट करते हुए कहा कि कमलनाथ जी को कह देना हम मध्यप्रदेश में अंधेरे का राज कायम नहीं होने देंगे।
- ट्रांसफर के बाद ट्रांसफार्मर घोटाला करना चाहती है कांग्रेस
भोपाल में लालटेन यात्रा के दौरान पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व सांसद राकेश सिंह ने कहा कि मध्यप्रदेश के हालात बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। कमलनाथ को प्रदेश की जनता से कोई लेना देना नहीं है। बिजली के इन्हीं उपकरणों से ही 15 सालों से भारतीय जनता पार्टी सरकार ने बिजली का भरपूर उत्पादन कर सरप्लस राज्य बना दिया था। कमलनाथ सरकार ने आते ही सरकार के मंत्रियों और कांग्रेस नेताओं की खाली जेबों को भरने के लिए तबादला उद्योग के बाद अब बिजली के उपकरण खराब होने की वजह बताकर कमलनाथ सरकार ट्रांसफार्मर घोटाला करने जा रही है। कांग्रेस की सरकार पानी और बिजली जैसी मूलभूत समस्याओं पर भी अपनी जिम्मेदारी निभाने के बजाए कभी अधिकारियों को कोसती है तो कभी बिजली उपकरणों की गुणवत्ता पर प्रश्न खड़े करती है।
- पार्टी कार्यकर्ता कांग्रेस को चैन की नींद सोने नहीं देगा
आज का यह आंदोलन कांग्रेस सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ आने वाले दिनों में बड़े संघर्ष का शंखनाद है। भाजपा के कार्यकर्ता कांग्रेस को चैन की नींद सोने नहीं देगा। अब आंदोलनों की श्रृंखला चलेगी। कांग्रेस सरकार को भाजपा के कार्यकर्ता भ्रष्टाचार नहीं करने देंगे। हमारे कार्यकर्ताओं की पैनी नजर हमेशा कांग्रेस पर रहेगी। बैसाखियों पर टिकी सरकार कब गिर जायेगी, इसलिए कांग्रेसी पैसा इकठ्ठा करने में लग गए है। मध्यप्रदेश की जनता की चाहती है कांग्रेस कुर्सी खाली कर दे। पार्टी के कार्यकर्ता एक हाथ में केन्द्र सरकार की उपलब्धियां और दूसरे हाथ में प्रदेश कांग्रेस सरकार की नाकामियों को जनता के बीच लेकर जायेंगे।
- अपराधी बेखौफ, नौनिहालों का भविष्य खतरे में
राकेश सिंह ने कहा कि भाजपा के शासनकाल में शांति का टापू कहलाने वाले मध्यप्रदेश में अब सरेआम बलात्कार, अपहरण और हत्या की वारदातें हो रही हैं। अपराधी बेखौफ घूम रहे हैं, उनमें भय नाम की कोई चीज नहीं बची है। कमलनाथ सरकार के बनने के बाद नौनिहाल का भविष्य खतरे में है। मासूम बेटियों के साथ दुष्कृत्य के बाद हत्या की घटनाएं हो रही। लेकिन सरकार इन घटनाओं के बाद भी कानून व्यवस्था को मजबूत नहीं बना पाती। बच्चे और महिलाएं अपने-आपको असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। शासन-प्रशासन की तरफ ध्यान न दिए जाने के कारण प्रदेश में अराजकता का माहौल है।
प्रदेश उपाध्यक्ष रामेश्वर शर्मा ने कहा कि 2003 के पूर्व मध्यप्रदेश जिस अंधेरी रातों में डूबा था यह जनता जानती है। भारतीय जनता पार्टी की सरकार आने के बाद प्रदेश को 24 घंटे बिजली देने का काम किया है। भाजपा की सरकार आने के बाद प्रदेश में लालटेन बिकना ही बंद हो गयी थी, परंतु कांग्रेस सरकार आने के बाद बाजारों में लालटेन फिर आ गयी है।
सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने बूझे हुए दीपक की तरह मध्यप्रदेश की हालात कर दी है। बिजली कटौती से बच्चे और आमजन असुरक्षित हो रहे हैं। बच्चों के भविष्य उनकी पढ़ाई लिखाई पर भी धर्म संकट की स्थिति कांग्रेस की सरकार ने बना दी है।
पूर्व सांसद व प्रदेश प्रवक्ता आलोक संजर ने कहा कि कमलनाथ जब वोट डालने गए थे तभी बिजली गुल हो गई थी। कांग्रेस के राज में 5 महीने में यह स्थिति हो गई है। अघोषित बिजली का वही सितम देखने को मिलता है जो 15 साल पहले दिग्विजय शासन में देखने को मिलता था।
पूर्व मंत्री विश्वास सारंग ने कहा कि शिवराज सिंह चौहान ने मध्यप्रदेश को पिछड़े राज्य की श्रेणी से निकालकर विकसित पंक्ति में लेकर आए। पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के शासनकाल में न सड़क, न पानी और न बिजली हुआ करती थी।
इस अवसर पर प्रदेश संगठन महामंत्री सुहास भगत, प्रदेश उपाध्यक्ष विजेश लुणावत, रामेश्वर शर्मा, सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर, पूर्व मंत्री उमाशंकर गुप्ता, विश्वास सारंग, सुरेन्द्रनाथ सिंह, प्रदेश मीडिया प्रभारी लोकेन्द्र पाराशर, प्रदेश प्रवक्ता आलोक संजर, महापौर आलोक शर्मा, जिला अध्यक्ष विकास विरानी, भगवानदास सबनानी, शैलेन्द्र प्रधान, सुरजीत सिंह चौहान, राम बंसल, रामदयाल प्रजापति, दुर्गेश केसवानी, नितिन दुबे सहित जिला पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित थे। 
                रीवा में पूर्व मंत्री राजेन्द शुक्ला, सांसद जर्नादन मिश्रा, ग्वालियर में जिला अध्यक्ष देवेश शर्मा, जिला महामंत्री शरद गौतम, महेश उमरिया, कोषाध्यक्ष प्रमोद खण्डेलवाल, उज्जैन में सांसद अनिल फिरोजिया, पूर्व मंत्री पारस जैन, मोहन यादव, महापौर श्रीमती मीना जोनवाल, जिला अध्यक्ष विवेक जोशी, श्याम बंसल, नर्मदापुरम में जिला अध्यक्ष हरिशंकर जायसवाल, विश्वनाथ सिंघल, भरत राजपूत, अखिलेश खण्डेलवाल, सागर में जिला अध्यक्ष प्रभुदयाल पटेल कुशवाह, विधायक शैलेन्द्र जैन, इंदौर में जिला अध्यक्ष गोपीकृष्ण नेमा, विधायक सुदर्शन गुप्ता, रमेश मेंदोला, प्रदेश उपाध्यक्ष जीतू जिराती, महापौर श्रीमती मालिनी गौड, महेन्द्र हार्डिया, मधु वर्मा ने विधानसभाओं में आयोजित लालटेन यात्रा में शामिल हुए। इसी प्रकार जबलपुर में प्रदेश उपाध्यक्ष विनोद गोटिया, अजय विश्नोई, अशोक रोहाणी, जिला अध्यक्ष जीएस ठाकुर, ओमप्रकाश पटेल, विनोद मिश्रा, शहडोल में जिला अध्यक्ष इन्द्रजीत सिंह छाबड़ा, महामंत्री राकेश पाण्डे, विधायक श्रीमती मनीषा सिंह, जयसिंह मरावी ने लालटेन यात्रा निकालकर कमलनाथ सरकार को आगाह किया। इसी तरह पूरे प्रदेश में कांग्रेस के खिलाफ बिजली कटौती को लेकर लालटेन यात्रा निकाली गयी। जिसमें बडी संख्या में पार्टी पदाधिकारी, आमजन उपस्थित थे।