अगर आपको बार-बार पेटदर्द की शिकायत हो रही है तो डॉक्टर से सलाह जरूर लें। पेटदर्द की अनदेखी भारी पड़ सकती है क्योंकि यह कई बार गंभीर बीमारियों के संकेत देती है। इसलिए कभी भी पेटदर्द और अपच को आप अनदेखा न करें। गेस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर में भी सामान्य तौर पर पेट दर्द की ही शिकायत होती है। देश में इस रोग के पीड़ितों की तादाद तेजी से बढ़ रही है। क्या है गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर
दरअसल, गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर पेट की आंतों का या फिर कहें, पेट का कैंसर होता है। जो धीरे-धीर बढ़ता जाता है और शरीर के आंतरिक अंगों को नुकसान पहुंचाना शुरु कर देता है। यह कैंसर शरीर के अंदर आंतों, गुर्दे, पित्ताशय, पैनक्रियाज और पाचन ग्रंथि को चपेट में लेने लगता है और इन्हें निष्क्रिय बना देता है। इसलिए बार-बार पेट दर्द होने पर डॉक्टर से सलाह जरूर लेना चाहिए।
इस प्रकार करें बचाव 
विशेषज्ञों की मानें तो किसी भी कैंसर से बचाव का सबसे सही उपाय है अपनी डाइट में सुधार और जरूरी बदलाव करना। साथ ही बढ़ते वजन पर नियंत्रण करने से भी गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर से बचा जा सकता है। अगर पित्त की पथरी या कोई समस्या हो रही है तो सबसे पहले डॉक्टर से सलाह लें।
कोलनगियोस्कोपी है जरूरी
कोलनगियोस्कोपी की मदद से कैंसर को देखने और उनके ऊतकों का परीक्षण करने में मदद मिलती है। इससे पित्ताशय की थैली के कैंसर का जल्द पता लगाया जा सकता है।