नई दिल्ली,निजामुद्दीन में तबलीगी जमात के करीब 1500 लोग भले अबतक अपने आप को वहां फंसा हुआ बता रहे हों, लेकिन जमात के मुखिया का एक वायरल ऑडियो अलग ही कहानी बयां कर रहा है। तबलीगी जमात के मौलाना साद का एक कथित ऑडियो सामने आया है जिसमें वह कोरोना का जिक्र करते हुए कहते हैं कि मरने के लिए मस्जिद से अच्छी जगह नहीं हो सकती। इससे साफ है कि उन्हें पहले से पता था कि ऐसे जुटने से कोरोना का खतरा है।

वायरल ऑडियो में मरकज के चीफ मौलाना साद कई बातें कहते सुनाई दे रहे। इस दौरान वहां कुछ लोग पीछे से खांस भी रहे हैं। ऐसे में लगता है कि वहां कोरोना पहले ही पहुंच चुका था, लेकिन उसकी तरफ ध्यान नहीं दिया गया।

मस्जिद से बेहतर मरने की जगह नहीं: मौलाना
मौलाना साद ऑडियो में कहते सुनाई देते हैं कि ये ख्याल बेकार है कि मस्जिद में जमा होने से बीमारी पैदा होगी, मैं कहता हूं कि अगर तुम्हें यह दिखे भी कि मस्जिद में आने से आदमी मर जाएगा तो इससे बेहतर मरने की जगह कोई और नहीं हो सकती।

कुरान पढ़ते नहीं, अखबार पढ़ते हैं: मौलान साद
वायरल ऑडियो में साद आगे कहते हैं कि अल्लाह पर भरोसा करो, कुरान नहीं पढ़ते अखबार पढ़ते हैं और डर जाते हैं, भागने लगते हैं। साद आगे कहते हैं कि अल्लाह कोई मुसीबत इसलिए ही लाता है कि देख सके कि इसमें मेरा बंदा क्या करता है। साद आगे कहते हैं कि कोई कहे कि मस्जिदों को बंद कर देना चाहिए, ताले लगा देना चाहिए क्योंकि इससे बीमारी बढ़ेगी तो आप ख्याल को दिल से निकाल दो।

तबलीगी जमात से 19 राज्यों तक पहुंचेगा कोरोना!
तबलीगी जमात की दिल्ली मरकज में भारत के 19 राज्यों से लोग पहुंचे थे। देश में कोरोना से 10 मौतों और 80 के करीब मामले इससे जुड़े हैं। इनमें से 45 बीमार तो तमिलनाडु में मंगलवार को मिले।

दिल्ली में जमात के मुख्यालय में 1 से 15 मार्च के बीच मरकज में 2000 लोग ठहरे थे। रविवार से अब तक 1,548 लोगों को अस्पताल पहुंचाया गया है। इनमें से 441 में कोरोना के लक्षण मिले हैं। सभी तरह के कार्यक्रमों पर रोक के सरकारी आदेशों को न मानकर मरकज में सैकड़ों लोगों को रखने के मामले में क्राइम ब्रांच ने तबलीगी जमात के मौलाना साद समेत कई लोगों पर FIR दर्ज की है। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने एक जगह बड़ी संख्या में लोगों को जमा करने को बेहद गैर-जिम्मेदाराना हरकत करार दिया। उन्होंने कहा कि यहां से बहुत सारे लोग देश के अलग-अलग हिस्सों में पहुंचे। उनसे किन-किन को इससे नुकसान पहुंच चुका होगा। मरकज में जुटे लोगों को देशभर में तलाशा जा रहा है। बताते हैं तेलंगाना से 1000, यूपी से 157 लोग पहचाने गए हैं।